कांग्रेस के नेता राजीव शुक्ला ने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी की जमकर तारीफ करते हुए कहा, उनके पास ‘मिडास टच’ है -

कांग्रेस के नेता राजीव शुक्ला ने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी की जमकर तारीफ करते हुए कहा, उनके पास ‘मिडास टच’ है

Share us on
2,795 Views

क्रिकेट और राजनीति में कुछ भी हो सकता है। वेटरन क्रिकेट के लिए जो भी हो सकेगा करूंगा : नितिन गडकरी

गडकरी जी को अध्यक्ष बनाकर पहले ही छक्का मार लिया है: राजीव शुक्ला

राजनीति में लोग आते हैं और चले जाते हैं। क्रिकेट में भी ऐसा होता है। राजनीति और क्रिकेट में कुछ भी हो सकता है। मैं खुद भी क्रिकेटियर रहा हूं। क्रिकेट से मेरा प्यार पुराना है। एक किस्सा सुनाता हूं। हमारी अटल जी की सरकार चुनाव हार गई थी। मुंबई के ब्रेबोर्न स्टेडियम में टेस्ट मैच चल रहा था।  भाजपा के नेता प्रमोद महाजन ने भारत की टीम की खराब हालत को देखते हुए कहा, मैं जहां भी जा रहा हूं हार हो रही है, मैं घर जा रहा हूं। ऐसा कह कर टी टाइम में प्रमोद जी घर चले गए।लेकिन उसके बाद भारत मैच जीत गया। क्रिकेट में कभी कभी नाइट वॉचमैन भी बहुत देर तक टिक जाता है।वेटरन क्रिकेट को मेरा पूरा समर्थन रहेगा।- नितिन गडकरी, केंद्रीय मंत्री, भारत सरकार

राकेश थपलियाल

नई दिल्ली। राजधानी के अरुण जेटली स्टेडियम में सोमवार की शाम एक अलग तरह को रौनक लगी थी। दिल्ली एंड डिस्ट्रिक्ट क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष रोहन जेटली और दिल्ली वेटरन क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष पवन अरोड़ा सहित दोनों संगठनों के शीर्ष पदाधिकारी उमस भरी गर्मी में स्टेडियम के गेट के नजदीक खड़े होकर भारतीय क्रिकेट बोर्ड के उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला और केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी का बेताबी से इंतजार कर रहे थे। यह मौका था ‘बोर्ड फॉर वेटरन क्रिकेट इन इंडिया’ के नवनिर्वाचित अध्यक्ष नितिन गडकरी को सम्मानित करने का। पहले राजीव शुक्ला आए और अंदर हाल में चले गए, थोड़े अंतराल के बाद गडकरी भी स्टेडियम पहुंचे और कार से उतरते ही स्वर्गीय अरुण जेटली की मूर्ति पर पुष्पचक्र रखकर उन्हें श्रद्धांजलि दी। इस बीच राजीव शुक्ला हाल के अंदर से तेज चाल में लोगों को हटाते हुए मूर्ति स्थल पर पहुंचे।इसके बाद सभी लोग हाल के अंदर गए और शुरू हुआ गडकरी और अन्यों का सम्मान समारोह।

गडकरी जी के पास ‘मिडास टच’ है। वह जिस चीज को हाथ लगाते हैं वो सोने की हो जाती है। आपके हाथ कुबेर लग गया है। बीसीसीआई भी आपकी मदद करेगी।संसद में विपक्ष के नेता सरकार की बहुत आलोचना करते हैं लेकिन गडकरी जी के कामों की आलोचना नहीं होती है। गडकरी जी जिनके साथ जुड़ते हैं उनके लिए बहुत करते हैं- राजीव शुक्ला, उपाध्यक्ष, बीसीसीआई

इसमें नितिन गडकरी और राजीव शुक्ला की दो  बातों ने सभी का मन मोह लिया। पहले राजीव ने कहा, ‘बोर्ड फॉर वेटरन क्रिकेट इन इंडिया ने नितिन गडकरी जी को अध्यक्ष बनाकर पहले ही छक्का मार लिया है। उन्हें इस पद के लिए मनाना बड़ी बात है। गडकरी जी के पास ‘मिडास टच’ है। वह जिस चीज को हाथ लगाते हैं वो सोने की हो जाती है। आपके हाथ कुबेर लग गया है। बीसीसीआई भी आपकी मदद करेगी।’

शुक्ला ने कहा, संसद में विपक्ष के नेता सरकार की बहुत आलोचना करते हैं लेकिन गडकरी जी के कामों की आलोचना नहीं होती है। गडकरी जी जिनके साथ जुड़ते हैं उनके लिए बहुत करते हैं।’

गडकरी ने चुटीले अंदाज में कहा, ‘राजनीति में लोग आते हैं और चले जाते हैं। क्रिकेट में भी ऐसा होता है। राजनीति और क्रिकेट में कुछ भी हो सकता है। मैं खुद भी क्रिकेटियर रहा हूं। क्रिकेट से मेरा प्यार पुराना है। एक किस्सा सुनाता हूं। हमारी अटल जी की सरकार चुनाव हार गई थी। मुंबई के ब्रेबोर्न स्टेडियम में टेस्ट मैच चल रहा था।  भाजपा के नेता प्रमोद महाजन ने भारत की टीम की खराब हालत को देखते हुए कहा, मैं जहां भी जा रहा हूं हार हो रही है, मैं घर जा रहा हूं। ऐसा कह कर टी टाइम में प्रमोद जी घर चले गए।लेकिन उसके बाद भारत मैच जीत गया। क्रिकेट में कभी कभी नाइट वॉचमैन भी बहुत देर तक टिक जाता है।’

गडकरी ने वेटरन क्रिकेट से जुड़ने का कारण बताते हुए कहा, ‘स्वर्गीय चेतन चौहान जी के साथ मेरा व्यक्तिगत घनिष्ठ परिचय था। उनसे काफी चर्चा भी होती थी। उनके जाने के बाद जब यह जिम्मेदारी की बात आई तो मेरे  मन में पुरानी बातें थीं। मैंने भी यूनिवर्सिटी में क्रिकेट खेला है। बीसीसीआई के पूर्व अध्यक्ष शशांक मनोहर और मैं आमने सामने दो टीमों के कप्तान रहे हैं। एक बार मैंने दिलीप वेंगसरकर को उनका शतक याद दिलाया था। मुंबई ने 18साल रहने के दौरान अजीत वाडेकर और सुनील गावस्कर के साथ मेरे घनिष्ठ संबंध रहे हैं। विदर्भ क्रिकेट एसोसिएशन से भी मेरा संबंध रहा है। एक बार मैच के दौरान वहां गैलरी गिरने से हादसा हो गया था। तब मैं महाराष्ट्र सरकार में मंत्री था। शशांक के साथ मिलकर उस मसले को सुधरवाया था।’

नितिन गडकरी ने वेस्टइंडीज की टीम के वर्चस्व को याद करते हुए बताया कि वे भी सोबर्स, कन्हाई, लॉयड और रिचर्ड्स के प्रशंसक थे।

उन्होंने कहा, ‘एक बार रेस्टोरेंट में श्रीकांत मिल गए और बोले आपने सड़कें अच्छी कर दिन। मैंने कहा, मुझे आपकी क्रिकेट याद है। टेस्ट में भी वन डे की तरह उस समय खेलते थे।’

उन्होंने कहा, ‘चेतन चौहान से दोस्ती और क्रिकेट के प्यार के कारण आपको समर्थन देने और आपके पीछे रहने का मौका मिला है। चेतन जी के नाम पर ट्रॉफी शुरू करने की बात की जा रही है। इसमें जो हुई मुझसे बन पड़ेगा मैं करूंगा। काफी देशाे में वेटरन क्रिकेट खेला जा रहा है।’

गडकरी ने स्वर्गीय अरुण जेटली को याद करते हुए कहा, ‘अरुण जी की शशांक मनोहर से बहुत मित्रता थी। अरुण जी क्रिकेट के बहुत शौकीन थे। उनके अंदर क्रिकेट को लेकर तीव्र भावना थी।उन्होंने क्रिकेट के लिए बहुत कुछ किया।’

इस अवसर पर गडकरी ने पूर्व क्रिकेटरों मदन लाल, गुरशरण सिंह, रॉबिन सिंह जूनियर, परविंदर अवाना को सम्मानित किया। अवाना समारोह से पूर्व मौजूद थे पर अपना स्मृति चिन्ह लेने नहीं आए।इस मौके पर गडकरी द्वारा बीसीसीआई के पूर्व कार्यवाहक अध्यक्ष सी के खन्ना। डीडीसीए की उपाध्यक्ष शशि खन्ना, सचिव सिद्धार्थ साहिब सिंह, कोषाध्यक्ष पवन गुलाटी के साथ यूपीसीए के पदाधिकारियों युद्धवीर सिंह त्यागी और विश्वजीत सिंह आदि को भी स्मृति चिन्ह  दिए गए। बोर्ड फॉर वेटरन क्रिकेट इन इंडिया की तरफ से गडकरी और रोहन जेटली को शॉल व स्मृति चिन्ह भेंट किए गए।

Leave a Reply

Your email address will not be published.