आईबीए महिला वर्ल्ड बॉक्सिंग चैम्पियनशिप में भारत और चीन की धूम, दोनों के चार चार खिलाड़ी फाइनल में -
Recreational activities, fun sports zone adorn 74th edition of Fit India Sundays on Cycle. 49th Lala Raghubir Singh Hot Weather Cricket Tournament from May 17. MOC approves foreign training for Olympic medallists Neeraj Chopra, Manu Bhaker as preparation for CWG, Asian Games. PGDAV College wins Prestigious ‘Vice Chancellor Trophy’ for Outstanding Performance in Sports. Deepak Punia Advances to 92kg Finals; Rohit Progresses in 125kg Category at WFI Senior Open Ranking Tournament 2026. 51वां अखिल भारतीय त्यागमूर्ति गोस्वामी गणेश दत्त मेमोरियल क्रिकेट टूर्नामेंट: यंग फ्रेंड्स क्रिकेट क्लब ने एसबी यूथ क्रिकेट क्लब को 153 रनों से हराया। Neeru and Vivaan win trap mixed team bronze in ISSF World Cup Shotgun Almaty 2026. काव्या, द्विप गहलोत की शानदार पारियों और आशीष मीना की उम्दा गेंदबाजी से एस्सेक्स फार्म क्रिकेट क्लब जीता। Armed Forces Lead from the Front at 73rd Edition of Fit India Sundays on Cycle in New Delhi. AKL Launches New Era of Indian Kabaddi; Sony Sports Network Named Official Broadcast Partner. Shooting: Neeru makes women’s trap final, finishes seventh. Anish Bhanwala wins 25m Rapid Fire Pistol gold at 24th Kumar Surendra Singh Memorial Shooting Championship. ‘No Home Advantage’ For Delhi Capitals; Finn Allen’s Unbeaten Century Boosts KKR’s Playoff Chance. National Sports Federation Conclave marks a coordinated step towards India’s preparation for upcoming Asian, Commonwealth and Olympic Games: Dr. Mansukh Mandaviya. Grassroots Sports Can Shape Young Leaders and Transform Communities: Dr. Mansukh Mandaviya A Special Screening of ‘Bicharpur – Junoon Football Ka’ attended by football lovers at Rang Bhawan Auditorium of Akashvani in New Delhi. The 25-minute documentary “Bicharpur – Junoon Football Ka,” produced in-house by the DD Sports team, chronicles how a sport became the heartbeat of an entire community. India Set to Host Inaugural World Yogasana Championship 2026 in June at Ahmedabad. BCCI announces venues and fixtures for Team India (Senior Women), India A and India U19 bilateral series. 51वां अखिल भारतीय त्यागमूर्ति गोस्वामी गणेश दत्त मेमोरियल क्रिकेट टूर्नामेंट 2026: कृतज्ञ, शिवांक, स्वास्तिक और दिव्यांश डाॅज स्पोर्टस की जीत में चमके। IGU to send three-member team for 2026 Queen Sirikit Cup. Sports Ministry-backed national camp fuelling Asian Games 2026 prep for Indian Badminton Teams.

आईबीए महिला वर्ल्ड बॉक्सिंग चैम्पियनशिप में भारत और चीन की धूम, दोनों के चार चार खिलाड़ी फाइनल में

Share us on
945 Views

सेमी-फाइनल बाउट में मजबूत विरोधियों के खिलाफ विश्व स्तरीय प्रदर्शन करके इन दोनों देशों की सबसे ज्यादा मुक्केबाज खिताबी मुकाबलों में पहुंचीं, जहां वे शनिवार और रविवार को रिंग में उतरेंगी

निकहत ज़रीन मुकाबले में।

खेल टुडे ब्यूरो 

नई दिल्ली: भारत और चीन की मुक्केबाज अपने शानदार अभियान के दम पर आईबीए महिला वर्ल्ड बॉक्सिंग चैम्पियनशिप में स्वर्ण पदक के प्रबल दावेदार होंगी। इन दोनों देशों की चार-चार मुक्केबाजों की निगाहें शनिवार और रविवार को यहां इंदिरा गांधी खेल परिसर में खेली जाने वाली फाइनल बाउट जीतकर गोल्ड मेडल पर टिकी होंगी।

कॉमनवेल्थ गेम्स 2022 चैम्पियन नीतू घनघस, मौजूदा विश्व चैम्पियन निकहत ज़रीन, टोक्यो ओलम्पिक की कांस्य पदक विजेता लवलीना बोरगोहेन और तीन बार की एशियाई पदक विजेता स्वीटी बूरा फाइनल में भारत की चुनौती पेश करेंगी।

दूसरी ओर, चीन की चार मुक्केबाज वू यू (52 किग्रा), यांग चेंगयु (63 किग्रा), यांग लियू (66 किग्रा) और वांग लीना (81 किग्रा) फाइनल में पहुंची हैं, जिनका लक्ष्य स्वर्ण पदक जीतने का होगा।

भारत के स्वर्ण पदक के अभियान की शुरुआत दो बार की यूथ वर्ल्ड चैम्पियन नीतू (48 किग्रा) के मुकाबले से होगी, जो शनिवार को फाइनल बाउट में दो बार की एशियाई चैम्पियनशिप में कांस्य पदक विजेता मंगोलिया की लुत्सेखान अल्तांसेटसेग से भिड़ेंगी। 22 वर्षीया नीतू अपनी दूसरी वर्ल्ड चैम्पियनशिप में प्रतिस्पर्धा कर रही हैं। उनका अब तक का अभियान शानदार रहा है। इस दौरान उन्होंने रेफरी स्टॉप कॉन्टेस्ट (आरएससी) फैसलों के जरिये तीन बाउट जीती है और फाइनल में भी वह इसी लय को बरकरार रखने की कोशिश करेंगी।

नीतू ने कहा, _“पिछली बार (वर्ल्ड चैम्पियनशिप क्वार्टर फाइनल में) हारने के बाद से कजाखस्तान के खिलाफ जीतना मेरे लिए सबसे अधिक दबाव वाला था और जीतने के बाद मैं खुद में आत्मविश्वास महसूस कर रही हूं। मैं अपने खेल में बहुत सुधार देख सकती हूं क्योंकि पहले मैं सिर्फ एक ही तरह का खेल खेलती थी लेकिन अब मुझे पता है कि अपने अलग-अलग प्रतिद्वंद्वियों के खिलाफ अपनी तकनीक को कैसे बदलनी है, और मुझे यकीन है कि मैं इसी तरह का प्रदर्शन आगे भी जारी रखूंगी। मैंने फाइनल के लिए अपने प्रतिद्वंद्वी के मुकाबले नहीं देखे हैं, लेकिन मैं उसके मुकाबले देखूंगी और उसी के अनुसार तैयारी करूंगी। जहां तक आक्रामकता का सवाल है तो वो मुकाबले पर निर्भर करेगा।”

निकहत (50 किग्रा) अपने खिताब का बचाव करके लगातार वर्ल्ड चैम्पियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने के लिए प्रतिबद्ध हैं। वह रविवार को फाइनल में दो बार की एशियाई चैम्पियन और 2018 एशियाई खेलों में कांस्य पदक विजेता वियतनाम की गुयेन थी टैम से भिड़ेंगी। तेलंगाना की स्टार मुक्केबाज इस बार लाइट फ्लाईवेट कैटेगरी में उतरी हैं, लेकिन इसके बावजूद वह अब तक अपनी सभी प्रतिद्वंद्वियों पर हावी रही हैं, जिसमें अल्जीरिया की अफ्रीकी चैम्पियन रौमेसा बौआलम, दो बार की वर्ल्ड ब्रॉन्ज मेडलिस्ट थाईलैंड की चुथमत रक्सत और रियो ओलम्पिक की कांस्य पदक विजेता कोलंबिया का इंग्रिट वालेंसिया शामिल हैं।

निकहत ने कहा, “यह मेरे मुक्केबाजी करियर की पहली प्रतियोगिता है जहां मैं कुल छह बाउट लड़ रही हूं, खासतौर पर अनुभवी और कठिन विरोधियों के खिलाफ मुझे लगातार लड़ना पड़ा है। हालांकि, मैं अपने प्रदर्शन से बेहद खुश हूं। मैंने 50 किग्रा भार वर्ग के फाइनल में भी अपनी जगह बना ली है और मेरे खिताब को जीतने और बचाने के लिए सिर्फ एक और मैच बाकी है। जैसे-जैसे मैं आगे बढ़ रही हूं मेरे खेल में सुधार हो रहा है इसलिए मुझे फाइनल में अपना सर्वश्रेष्ठ देने की उम्मीद है।”

दो वर्ल्ड चैम्पियनशिप 2018 और 2019 में दो कांस्य पदक हासिल करने वाली लवलीना (75 किग्रा) इस बार अपने पदक को स्वर्ण के रूप में देखना चाहती हैं और इसे जीतने के लिए अपना सब कुछ झोंक देगी। वह रविवार को फाइनल में दो बार की कॉमनवेल्थ गेम्स पदक विजेता ऑस्ट्रेलिया की कैटलिन पार्कर से भिड़ेंगी। निखत की तरह इस असमी मुक्केबाज ने भी अपनी वेट कैटेगरी बदली है और वह पूरे टूर्नामेंट में अपने खेल में शीर्ष पर रही हैं। उन्होंने गुरुवार को सेमीफाइनल बाउट में चीन की बेहद मजबूत मुक्केबाज ली कियान को हराया।

लवलीना ने कहा, “जब मैंने 75 किग्रा वर्ग में खेलना शुरू किया, तो मैं राष्ट्रीय खेलों, राष्ट्रीय चैम्पियनशिप और एशियाई चैम्पियनशिप खेली। अब इस समय, मैंने इस कैटेगरी में अब तक जितने भी बाउट खेले हैं, वे बढ़िया ढंग से चले हैं और मुझे लगता है कि मैं इस कैटेगरी में अधिक सहज हूं क्योंकि मुझे खुद को बहुत अधिक नियंत्रित करने की आवश्यकता नहीं है। आगे फाइनल मुकाबला कठिन होगा लेकिन कोच जो कहेंगे मैं उसका पालन करूंगी और परिस्थितियों के आधार पर रिंग के अंदर अपनी कुछ योजनाओं को लागू करूंगी। मैं अपने देश के लिए लड़ती रहूंगी और अपनी सर्वश्रेष्ठ क्षमताओं के अनुसार भारत के लिए गोल्ड जीतने की कोशिश करूंगी और अपना 100% दूंगी।”

अपना दूसरा विश्व चैम्पियनशिप फाइनल खेल रही स्वीटी (81 किग्रा) शनिवार को खिताबी मुकाबले में 2018 विश्व चैम्पियन चीन की वांग लीना से भिड़ेंगी। हरियाणा की अनुभवी मुक्केबाज को 2014 में वर्ल्ड चैम्पियनशिप के फाइनल में पहुंचने के बाद रजत पदक से संतोष करना पड़ा था। वो बाउट एक चीनी प्रतिद्वंद्वी के खिलाफ था और इसलिए, वह उस परिणाम को दोहराने से बचने के लिए इस बार पूरी कोशिश करेंगी।

स्वीटी ने कहा, “मुकाबला (कल) कठिन था और प्रतिद्वंद्वी अच्छी थी लेकिन मुझे अपनी स्कोरिंग पर भरोसा था और मुझे विश्वास था कि मैं जीत जाऊंगी। मेरे पास अपने रजत पदक को स्वर्ण में बदलने का सुनहरा मौका है और मुझे उम्मीद है कि मैं ऐसा करने में सफल रहूंगी। मैंने इसके लिए दिन-रात काम किया है और मैं अपने देश को गौरवान्वित करना चाहती हूं।”

इन चार पदकों के साथ भारत महिंद्रा आईबीए महिला वर्ल्ड बॉक्सिंग चैम्पियनशिप 2023 की पदक तालिका में कोलंबिया के साथ संयुक्त रूप से तीसरे स्थान पर है। पदक तालिका में चीन (7) और कजाकिस्तान (6) क्रमशः पहले और दूसरे स्थान पर हैं।

इस साल के टूर्नामेंट के फाइनल में पहुंचीं टोक्यो ओलम्पिक के कांस्य पदक विजेता चीन की हुआंग सियाओ-वेन (54 किग्रा) और इटली की इरमा टेस्टा (57 किग्रा) भी स्वर्ण के लिए प्रयास करने वालों में शामिल हैं। सियाओ-वेन रविवार को कोलंबिया की मौजूदा बोलिवेरियन गेम्स चैम्पियन येनी एरियस से भिड़ेंगी। वहीं, टेस्टा शनिवार को फाइनल में पिछली विश्व चैम्पियनशिप की कांस्य पदक विजेता कजाकिस्तान की करीना इब्रागिमोवा से भिड़ेंगी।

2019 की वर्ल्ड चैम्पियन और टोक्यो ओलम्पिक की रजत पदक विजेता ब्राजील की बीट्रिज फरेरा (60 किग्रा) रविवार को फाइनल में कोलंबिया की वाल्देज पाना एंजी पाओला से भिड़ेंगी।

वर्तमान में जारी इस प्रतिष्ठित आयोजन में 12 भार वर्गों में खिताब के लिए 65 देशों की कई ओलम्पिक पदक विजेताओं सहित 324 मुक्केबाज शिरकत रही हैं। टूर्नामेंट में 20 करोड़ रुपये का भारी-भरकम पुरस्कार दांव पर है।

Leave a Reply

Your email address will not be published.